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नन्नी सि उङान्
By MEGHA HEGDE in Poetry | कुल पढ़ा गया: 271 | कुल पसंद किया गया: 2
नन्नी सि उङान् घर माँ बाप को चोङने का गम् । मुश्किल से खुद् को संभालेते हम् । बोहत् अर्मान् से आयेथे हम् यहा । कुछ कर  ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 4,2020 12:52 PM
मुकम्मल प्यार
By khushi kishore in Romance | कुल पढ़ा गया: 209 | कुल पसंद किया गया: 0
आज उनकी शादी की 10 वीं सालगिरह थी। अनु बगीचे से दो सुर्ख लाला गुलाब तोड चाय की ट्रे में सजा अमित को जगाने चल पड़ीं। अम  ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 4,2020 02:14 PM
सामाजिक लकीरे
By saurabh baurai in Poetry | कुल पढ़ा गया: 539 | कुल पसंद किया गया: 0
बिन बोले भी अक्सर उनकी  आंखे सब कुछ कहती है।  गुनाह बिना भी रूहें उनकी पीर हयात का सहती है।।   ना जाने क्यों निर्  ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 4,2020 02:20 PM
अधूरी दास्तां
By khushi kishore in Romance | कुल पढ़ा गया: 189 | कुल पसंद किया गया: 0
रात के अंधेरे में,हवा की तेज रफ्तार के साथ होड़ लगाती। हवा को चीर कर अपने गतवंत की तरफ तेजी से भागती ट्रेन की खिड़की   ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 4,2020 02:32 PM
Kerala pregnant elephant die
By Ragini keer in Poetry | कुल पढ़ा गया: 247 | कुल पसंद किया गया: 1
हेवानियत की हद फिर इन्सान ने दिखा दी , खुन्खार जानवर नहीं खुन्खार हम इन्सान हैं ये बता दी। अच्छा ही था जो घर में कैद ब  ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 4,2020 04:42 PM
Mann ki baat
By Swati varma in Poetry | कुल पढ़ा गया: 265 | कुल पसंद किया गया: 2
समझ नहीं आता ये मन क्या चाहता है,मनमौजी इक पल में, दूजे पल ऊब जाता है.कभी उछल कर चले  ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 4,2020 09:33 PM
Baarish ki masti
By P. Sharma in Poetry | कुल पढ़ा गया: 221 | कुल पसंद किया गया: 1
बारिश की मस्ती, कभी न ही खस्ति, बूंदों की टिप टिप, हर दिल में है बस्ती।। मिट्टी की खुश्बू, सबको है भाती, वो कागज़ की कश्  ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 4,2020 10:07 PM
शायर होना भी कहां आसान है
By ANKITA JOSHI (Feelbythoughts18) in Poetry | कुल पढ़ा गया: 285 | कुल पसंद किया गया: 1
शायर होना भी कहां आसान है, कि मिसरा बनता नहीं , मकते में उलझ जाता हूं, कभी मेरे ख्यालों में तू,  तो कभी तुझमें " मैं" सम  ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 5,2020 02:14 AM
गाँव की दास्तां
By ramashery in General Literary | कुल पढ़ा गया: 356 | कुल पसंद किया गया: 0
शिक्षा विकास की जननी है शिक्षा के अभाव में विकास की कल्पना करना गलत ही नहीं स्वयं के साथ धोखा है गाँव के हर व्यक्त  ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 5,2020 08:49 AM
Letters to Daughter - 1 ( जादूगर )
By Shandy in Poetry | कुल पढ़ा गया: 299 | कुल पसंद किया गया: 0
जादूगरपास वाले गांव में मेला जब भी आता था जादूगर का खेल  सबको बड़ा लुभाता था हैरत थी  हस  ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 5,2020 09:36 AM
वो पहले जैसा प्यार अब कहां 
By Rohit Arya in Poetry | कुल पढ़ा गया: 231 | कुल पसंद किया गया: 1
वो पहले जैसा प्यार अब कहां वो तुझे देखने के लिए तेरी गली में आना और अपनी गाड़ी के हॉर्न को पूरे 3 बार बजाना।। तेरे बाह  ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 5,2020 10:51 AM
डिजिटल जमाने का डिजिटल गुस्सा
By Rohit Arya in Poetry | कुल पढ़ा गया: 369 | कुल पसंद किया गया: 1
हाय रे तेरी डिजिटल नाराजगी मेरे ऑनलाइन आते ही तेरा ऑफलाइन चले जाना , और नोटिफिकेशन में मैसेज देख के मन ही मन मुस्कान  ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 5,2020 11:10 AM
People
By vidhi tomar in Poetry | कुल पढ़ा गया: 543 | कुल पसंद किया गया: 0
जब पर्दा हटा तो नजर आया दरवाजे खुले देख भी मै वापिस लोट आया   यहां लोग अच्छाई छोड़ बुराई को गिनते हैं यह हिसाब मुझे   ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 5,2020 01:35 PM
MAA
By Afreen sayyed in Poetry | कुल पढ़ा गया: 280 | कुल पसंद किया गया: 1
Ek Dill h  Ek jaan h  MAA tujh par qurbaan h  Ankhein khulte hi pass tujhe chahu Tere muskurate chahere se apne Din ka Agaaz chahu  MAA is jhutti duniya me tu hi to ek sacchai h  Mere Dill ki tu rehnumai h  Mere khamoshi ko tu pehchaney  Meri jhutti muskurahut ko t  ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 5,2020 04:54 PM
Agar man le dil to behtar hoga!!❤️
By Sejal Pasari in Poetry | कुल पढ़ा गया: 167 | कुल पसंद किया गया: 0
Kuch ankahi bate dobara na hoTo behtar hoga... Use dilo mai dabaye rakhna hi behtar hoga!!!Kuch pal jo bitaye they bina kuch soche...Use yado mai rakhna hi behtar hoga!!!Vo lamhe jo vapis nahi aa sakte...Uske ane ki ummed na rakhna hi behtar hoga!!Kisi ki chahat rakhna...Par use pane ki talap n  ज्यादा पढ़ें...
इस तारीख़ को पब्लिश हुआ Jun 5,2020 11:25 PM