सब को मेरा नमस्कार, ये मेरी चौथी किताब है, जिनसे मैंने नौजवानों के ऊपर लिखा हुए की कैसे वो अपनी दिल की बात बिना बताए उनसे इश्क कर लेते हैं लेकिन कभी ये बात कह नहीं पाते, और जब कोई उसके सामने उसे प्रेमिका को लेके चला भी जाता है तो वो कुछ बोले भी नहीं और चुप चाप देखते हैं