हमारी यह मुहिम दिनांक 26 सितम्बर 2020
को हमारे इंस्टाग्राम पेज अल्पाज 21 पर शुरू
की गेई, जिसका उद्देश्य मायड़ भाषा,
राजस्थानी को बढ़ावा देना तथा राजस्थान
के अन्य भाषा के कवि राजस्थानी भाषा को
लिख सके और समझ सके ऐसा प्रयास है।
हमारा यह प्रयास सार्थकता की प्रथम कड़ी में
इस मुहिम से जुड़े कवि साथियों की कलम के
सहयोग से सफल होने जा राहा है।
रेत सु हेत आही म्हारी ओलखान है।
म्हारी राजस्थानी तो मीठी गलवाण है।।
अल्फाज21
शिवम् टाक ✍️
Sorry we are currently not available in your region. Alternatively you can purchase from our partners
Sorry we are currently not available in your region. Alternatively you can purchase from our partners