"सिलसिला जज्बातों का" एक ऐसी किताब हैं, जिसमें जज्बात, मायूसी, खुशी और गम शामिल है, इस किताब में बहुत सारे शब्द ऐसे है जो सीधा ज़िन्दगी से जुड़े हैं और इन्हीं सब जज्बातों को शब्दों के रूप में इस किताब में प्रस्तुत कर रही हूँ। मैं हमेशा से चाहती थी कि मैं कुछ लम्हों को एक किताब में लिखकर हमेशा के लिए कैद कर लूँ और आज ये मौका मुझे मिल गया और गुजरे हुए लम्हों पर एक किताब लिख दी। हम सब लोग ज़िन्दगी से बहुत कुछ सीखते हैं और ज़िन्दगी हर रोज़ कुछ नया सबक सिखाती हैं, ज़िन्दगी हमें ढेरों अनुभव दे जाती हैं। हर एक नए दिन के ढलने के साथ सही और गलत का एहसास भी दिलाती हैं। नए लोगों से भी मिलवाती हैं और कुछ अपनो को दूर भी कर जाती हैं, कभी - कभी लफ्ज़ कम पड़ जाते हैं अपनी बात को समझने के लिए ऐसे में सबसे अच्छा तरीका होता हैं हम उन अल्फाजों को लिख कर लोगो को समझा दे और बस वहीं मैंने किया है। मैंने अपने अंदाज़ में अपने शब्दों को व्यक्त किया हैं। आप सभी से गुजारिश करती हूँ आप भी इस किताब को पढ़े। जिससे मेरा मनोबल बढ़े और आगे भी मैं अपने जज्बातों को शब्दों के रूप में प्रस्तुत करती रहूँ।।