एक बेटा और दो माँ की ममता। बेटा अमन किसे मिलेगा, सबीहा को या फिर यशोदा को ? दो माँओ, दो परिवारों और दो संस्कृतियों के बीच पेंडुलम की तरह झूलते एक बच्चे की विडंबनापूर्ण कथा। अमन, नन्द, यशोदा, दादी, विशाल, परवेज़, सबीहा,शाबिर,शबाना, इब्राहिम आदि चरित्र आपकी साहित्यिक यात्रा को विभिन्न मानवीय भावनाओं से होते हुये सम्पन्न करायेंगे।