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parlaukik shaktiyo per mere anubhaw / पारलौकिक शक्तियों पर मेरे अनुभव

Author Name: Dr. Rajendra Prasad | Format: Paperback | Genre : Others | Other Details

तंत्र-मंत्र भूत-प्रेत, डायन, चुरैल तांत्रिक, मांत्रिक, ओझा पर बहुत सारी पुस्तकें लिखी जा चुकी हैं तो आपके मन में एक प्रश्न हो सकता है कि इस पुस्तक में नया क्या है जिसके लिए इसे पढ़ना चाहिए? इस पुस्तक की विशेषता यह है कि यह लेखक के सच्चे अनुभव पर लिखी गई है। विदेशी पुस्तकों में भारतीय मंत्र, तंत्र, यन्त्र  का कोई उल्लेख नहीं है। इसलिए मैंने महसूस किया कि एक प्रामाणिक पुस्तक की आवश्यकता है जो मंत्रों, तंत्र, यंत्र और अदृश्य शक्तियों का वर्णन करती है और उन्हें कैसे नियंत्रित किया जाता है, खासकर भारत में इसका अभ्यास कैसे किया जाता है। इसलिए, मैंने यह पुस्तक अपने स्वयं के सच्चे अनुभवों के आधार पर लिखी है। इसलिए, इस पुस्तक में दी गई जानकारी आपको किसी अन्य पुस्तक में नहीं मिलेगी; एक सामान्य मनुष्य के सामने कई प्रश्न उठते हैं, जैसे कि भूत-प्रेत अदृश्य शक्तियाँ वास्तविक हैं या नहीं? क्या एक तांत्रिक बुरी आत्माओं से पीड़ित लोगों को ठीक कर सकता है? या वे इसके बजाय मनोरोग उपचार का सहारा लेते हैं? देवता क्या हैं? परमात्मा क्या है? और इस संदर्भ में कौन सा धर्म सही है या गलत? क्या अल्लाह, ईश्वर, ईश्वर, जीसस एक ही हैं? क्या अलौकिक शक्तियां आपकी मदद कर सकती हैं? क्या उन्हें गुलाम बनाया जा सकता है? क्या अलौकिक शक्तियां भविष्य बता सकती हैं या खोए हुए लोगों के ठिकाने का पता लगा सकती हैं? मंत्र-तंत्र सीखना सही है या गलत? कहाँ लोग उनका अभ्यास करने में गलती करते हैं? इन और कई अन्य अनुत्तरित प्रश्नों के उत्तर आपको मेरे अनुभव के आधार पर इस पुस्तक में मिलेंगे।

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डॉ राजेंद्र प्रसाद

डॉ राजेंद्र प्रसाद पेशे से होलिस्टिक मेडिसिन की प्रैक्टिस करते हैं। वे कोई पेशेवर तांत्रिक, मन्त्रिक, यांत्रिक या ओझा नहीं।  पर इन सभी  विषय पर वे हमेशा पढ़ते रहते है साथ ही साथ वे योग्य गुरुओ के सम्पर्क में रहते हैं और उनके द्वारा बताई गयी विधियों का प्रयोग कर वे इन तंत्र , मंत्र और यंत्रो की सत्यता को परखते रहते है. मन्त्रो द्वारा रोगो को ठीक किया जा सकता है या नहीं इसपर वे लगातार  प्रयोग कर रहे है।

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