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Ishq Bazaar / इश्क़ बाज़ार एक रूहानी अहसास

Author Name: Gagandeep Singh Bharara 'nishabd' | Format: Paperback | Genre : Poetry | Other Details

इश्क़, मोहब्बत, प्यार यह नाम है एक रिश्ते के रूहानी अहसास के। कहते हैं ना, कि मिल जाये सच्चा प्यार तो समझो खुदा मिल गया। मगर आज के झूठे संसार में इस शब्द ने अपनी सच्चाई कहीं खो दी है।

"मतलब की इस दुनिया में प्यार कहाँ तुम ढूंढ रहे,

ये इश्क़ बाज़ार है साहिब, यहाँ अहसास कहाँ तुम ढूंढ रहे"

ऐसे ही कुछ अहसासों को मिलाने की कोशिश की है मैंने इस किताब में। कहीं सच्च की व्याख्या है तो किसी कविता में प्यार का अनुरोध है।  कहीं सच्चा है प्यार तो कहीं तोला गया व्यापार है।

यह कविता संग्रह मैं उन लोगों को सम्पर्पित करता हूँ जिन्होंने कभी सच्चे प्यार को महसूस किया हो।

एक ही ज़िन्दगी है हमारी और इसे कैसे बिताना है यह भी हम पर निर्भर करता है। इश्क़ के सुकून से भरा हो या फिर नफ़रत के अंगारों से, यह हमें ही तेह करना है। आज की भागती इस दुनिया में केवल एक ही पीर हो चला है और वो है पैसा। हो सके तो रिश्तों में प्यार भर के देखो शायद कुछ पल हसीन हो जाएँ।  

यह मेरी तीसरी किताब है, मेरी पहली किताब थी "Inspiring Relationships" जो अंग्रेजी में है। इस किताब में अलग-अलग रिश्तों का सकारात्मक रूप से दिखने के लिए हर रिश्ते पर एक कविता और एक कहानी लिखी है। मेरी दूसरी किताब है "एक आम इंसान"। यह कविता संग्रह हर आम और खास के जीवन को संजोने की एक कोशिश है। इस किताब में मैंने कोशिश कि जीवन के हर पहलू को छू सकूं।

हो सके तो इन सभी किताबों पर आपके विचार मुझे जरूर लिखें। मेरी ईमेल है "ustatgagan@gmail.com".

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गगनदीप सिंह भरारा 'निशब्द'

लेखक एक सेना अधिकारी हैं जो अब साहित्य के क्षेत्र में प्रवेश कर रहे हैं। उन्होंने CLAWS जैसे विभिन्न सैन्य प्रकाशनों में योगदान दिया है। वह एकता में विश्वास करते हैं और अपने पाठकों के लिए उसी को सामने लाने की कोशिश करते हैं। उनका जीवन का सारांश का यह स्वरुप सब के लिए है,
 "आपके पास केवल एक ही जीवन है, आप जिस तरह से जीते हैं वह आपकी पसंद है। लेकिन याद रखें कि अंत निश्चित है और जब आप अपनी अंतिम सांस लेंगे तो आप क्या सोचना चाहेंगे .... यह आपको तय करने की आवश्यकता है।"

जय हिन्द

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