हिन्दी साहित्य में बृहद शब्दकोश के धनी कवि एवं साहित्यकार श्री मदन मोहन ‘मैत्रेय’ ने काव्य रचना के क्षेत्र में बहुत ही कम समय में अपनी सुस्पष्ट और सार्थक उपस्थिति दर्ज कराई है। प्रेम,करुणा,शृंगार और भक्ति में डूबी कवि की रचनाओं ने पाठकों का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया है।काव्य रचना के साथ ही साथ श्री मदन मोहन जी ने कहानी,धारावाहिक और उपन्यास लेखन में भी अपनी लेखनी को परिष्कृत किया है।काव्य संग्रह जिंदगी एक काव्य धारा और भीगीं पलकें के उपरांत ओर्डिनरी किलर उपन्यास प्रकाशित होकर आप सभी पाठकों के समक्ष प्रस्तुत है। आशा है आप सभी सुधि पाठकों का आशीर्वाद श्री मदन मोहन जी को प्राप्त होगा।