1947 में भारत स्वतंत्र हुआ था। यह पहली मुक्ति थी, राजनैतिक मुक्ति, मुक्ति 1.0। 1950 में डॉक्टर अंबेडकर और बी. एन. राव के नेतृत्व में भारत का संविधान बनकर तैयार हुआ, यह मुक्ति 1.0 की अंतिम अभिव्यक्ति थी।
1990 के दशक में एक और मुक्ति का आह्वान हुआ। यह आह्वान हालांकि बहुत संकटपूर्ण स्थिति में हुआ था जिसकी चर्चा यहां करना आवश्यक नहीं, किंतु यह जरूरी था। राव- मनमोहन मॉडल ने भारत को दूसरी मुक्ति देने का कार्य किया, आर्थिक मुक्ति, मुक्ति 2.0। पी. वी. नरसिम्ह