Hindi
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Poetry | वाचलं गेलेलं: 1,088 | लाइक: 1
in
What can be felt
Can never be explained
This night I ask my soul
To drown in despair
The lights that once guided me
Are the ones that blinded me
They burned my home to ashes
And left me to rot on the streets
Like muddy balls of fur
I too wandered the earth
Wit आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 7,2020 12:22 PM
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Romance | वाचलं गेलेलं: 345 | लाइक: 0
in ""तेरे उस हसी को..
खोनेना दू किसी और को ।
तेरे उस लबो को..
चुमनेना दू किसी और को ।
तुझे रक्लू अपने दिल के घर पें..&n आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 7,2020 06:43 PM
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True Story | वाचलं गेलेलं: 790 | लाइक: 1
in वास्तविकता में यह कथन बिल्कुल सही है जैसी करनी वैसी भरनी जैसा आप करेंगे आज नहीं तो कल वैसा ही आपको भोगना होगा ठीक इस आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 8,2020 09:50 AM
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Poetry | वाचलं गेलेलं: 897 | लाइक: 1
in ज़िक्र तेरा अब भी है
फिक्र तेरा अब भी है
हक तेरा अब भी है
उलफ़त मुझे अब भी है।।।।
दीदार की तड़प अब भी है
इज आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 8,2020 10:59 AM
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Poetry | वाचलं गेलेलं: 299 | लाइक: 1
in October last week__
Subah jadi jaldi ready hoke bas nikalne ko thi..
Bag pack kar jaldi se vha pohachne ko thi..
Socha nhi tha kya hoga, bas ghar me bin btaye jaane ko thi..
Vha pohachate hi ekk jhoka sa aaya , maano mere armaano ko jaagane ki Dhoop si thi....
Uski smile pe dil me ghanti si baji , u आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 13,2020 05:38 PM
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Poetry | वाचलं गेलेलं: 558 | लाइक: 0
in चाहे तुम…
चाहे तुम मूझे कितना भी रोक लो,
क्या रोक पाऔगे मेरे अंदर इस जलते हुए मशाल को?
हाँ - शायद धमकाओगे, कैद कर दोग� आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 15,2020 09:41 PM
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Poetry | वाचलं गेलेलं: 539 | लाइक: 3
in Mene socha bhi na tha aur samay kuch kar dikhane ka aa gaya,
Mene socha bhi na tha hawayein tezi se chal rahi theen, mene unke sath chalna seekh liya,
Mene socha bhi na tha apno se door muskuraya ja sakta tha, mene muskrana bhi seekh liya,
Din dhalte gae, karva chalta gaya, mein chalti rahi..
Dheere आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 18,2020 03:39 PM
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Poetry | वाचलं गेलेलं: 368 | लाइक: 1
in चंद लफ्जों मे सिमटा दी उन्होंने हमारी आंखरी मुलाकात।
जो वादे साथ जीने - मरने के हजारों किया करती थी। आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 18,2020 11:45 PM
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Poetry | वाचलं गेलेलं: 723 | लाइक: 0
in दर्द से रिश्ता
अपना दर्द अपने अंदर समाना पड़ता है।सुमंदर ना सही एक दरिया खोजना पड़ता है।
ये दर्द तुम्हारी पहचान है आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 20,2020 10:45 AM
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Romance | वाचलं गेलेलं: 519 | लाइक: 1
in Ek ldki jo ki ek normal student thee jise ek aisa ldka chahiye jo uske liye loyal ho ha ha usee mile bhi vo lekin uski mohabatt koi aur thee ek aise ldki jo ki aayi thee patna se banaras padhne Ke liye aur vo ladka jb usese mila to usee usese bepanah mohabatt hueye....... Vo ladka uska aapni priyank आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 21,2020 10:01 AM
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True Story | वाचलं गेलेलं: 736 | लाइक: 1
in लिख तो मैं भी सकता हूँ साहेब
पर जमानतदार आयेगा कोंन..!
चल रहा महीना सावन का
हरेली का तिहार लिखूं या
बस्तर में हो रहे आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 22,2020 11:31 AM
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Poetry | वाचलं गेलेलं: 592 | लाइक: 1
in POEM – Tha vo koie or
Vo tum hi the jo mujhse
Pyaar krte the Ya tha voh koi or
Vo tum hi the jo mera
Bhutt khyal rkhte the
Ya tha voh koi or
Vo tum hi the jiska
mujhe dekhe Bina mann nhi lgta tha
Ya tha voh koi or
Vo tum hi the jiska mujhse
baat Kie bina din nhi niklta आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 23,2020 12:25 AM
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Poetry | वाचलं गेलेलं: 336 | लाइक: 0
in जो हो रहा उसे होने दो
तुम ज्यादा ना दुखी हो
थोड़ा-सा तुम ध्यान करो
फ़िर जा के चिन्तन करो
जो हो रहा उसे होने दो
आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 23,2020 05:35 PM
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Poetry | वाचलं गेलेलं: 429 | लाइक: 1
in देख उफान नदियों का खोफ भर आई है ।
भिरुता की आहट से मुकर कर जाएं कहां ।
निल जल जो आंगन मे आई
मानस पटल आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 24,2020 05:38 PM
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True Story | वाचलं गेलेलं: 2,763 | लाइक: 1
in मजहब
" रिश्तों में भी मजहब होता है अगर दिलों में खुदा का एहसास हो।"
उन दोनों को एक दूसरे के साथ नहीं रहे पाए, एक दूसर� आणखी वाचा...
प्रकाशनाची तारीख Jul 24,2020 08:03 PM