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Hum Chalte Rahe Rah Banti Rahi / हम चलते रहे राह बनती रही

Author Name: Brijesh Kumar Dwivedi | Format: Paperback | Genre : Letters & Essays | Other Details

“देखा जाये तो कम्युनलिस्टों (सम्प्रदाय वादियों) मैं जनसंघ और आर एस एस (राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ) इत्यादी माने जाते हैं। लेकिन जहाँ तक मैंने व्यक्तिगत तरीके से देखा जितने त्यागी लोग, नीतिमत्ता पर अड़े हुए उस जमात से आये उतनी दूसरी जमात में नहीं। उनमे बहुत से तोह ब्रह्यचारी ही होते हैं। अच्छे नीतिवान लोग होते हैं। बलराज मधोक, अटल बिहारी वाजपेयी वगैरा आज लोग हैं, वे सब नीतिवान लोग हैं। आर एस एस खास कर इस तरफ ध्यान दिया जाता हैं। उसमें हिन्दू भावना हैं। लेकिन हिन्दुओं को नीतिवान तो होना ही चाहिए। इस वास्ते वे चरित्र और शीलपर जोर देते हैं.” 

विनोवा :व्यक्तित्व और विचार पृ 646 47

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ब्रजेश कुमार द्विवेदी

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