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Hansa Joda / हंसा जोड़ा

Author Name: Divya R Paul | Format: Paperback | Genre : Poetry | Other Details

हंसा जोड़ा श्रृंगार रस में डूबी कविताओं का संग्रह है। इस काव्य संकलन की शुरुवात एक काव्यात्मक लघु प्रेम कथा से होती है। कच्ची उम्र के इस प्रेम में मिले हर्ष, उल्लास तथा दर्द को कविताओं के  माध्यम से  व्यक्त किया गया है। यह काव्य संकलन एक प्रकार से कवी मन के चेतना के विकास को भी दर्शाती है। इस में संकलित कुछ कवितायेँ जैसे ‘इंतज़ार’, १३ वर्ष की आयु में मैंने लिखी हैं, जबकि अंतिम कविता ‘मधुर मिलन’, २९ वर्ष की  आयु में  लिखी गयी है। इस प्रकार से यदि आप  इन कविताओं को  देखें तो यह उम्र के साथ बदलती सोच तथा ह्रदय की कोमल भावनओं को अपरिपक्व दशा से परिपक्वदशा में विकसित होते देखेंगे।

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दिव्या आर पौल

इनका जन्म ९ अगस्त १९९० में हुआ है। इन्होने एम.एस.सी  (बायोटेक्नोलॉजी) माउंट कार्मेल कॉलेज, बेंगलुरु से २०१२ में तथा बी.एड २०१३ में क्राइस्ट कॉलेज बंगलुरु से किया है। यह ज्योती निवास प्री-यूनिवर्सिटी कॉलेज तथा क्राइसट जूनियर कॉलेज में शिक्षिका रह चुकी हैं। मात्र १३ वर्ष की आयु में इन्होंने लिखना शुरु कर दिया था। शादी की पहली सालगिरह का सबसे सही तोफा, इस तलाश का नतीजा, इनकी पहली किताब, काव्य संकलन ‘हंसा जोड़ा’ है। फिलहाल, यह अपनी अगली किताब पर काम कर रहीं हैं जो कि एक कहानी संग्रह है।

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