Join India's Largest Community of Writers & Readers

Share this product with friends

Patharon ke Dard / "पत्थरों के दर्द" Insaan

Author Name: Shivam Anatpuriya | Format: Paperback | Genre : Poetry | Other Details

ये कवि के मन की कल्पना है कि वो अपने जीवन के शुरूआती दिनों में कुछ बड़ा करना चाहता है,ऐसे सपने सपने देखना चाहता जो औरों से अलग हों वो अपनी मंजिल के बीच आने वाली राहों और हवाओं में विचरता है उसे मंज़िल तक पहुँचने में लगने वाले समय का सब्र नहीं होता वो अपने मन को पतंग करना चाहता है वो चाहता है कि पंक्षी बन हवा में उड़ जाए या कुछ ऐसा को कि पलकें झपकें और वो मंज़िल के क़रीब खड़ा हो

Read More...
Paperback
Paperback + Read Instantly 125

Inclusive of all taxes

Delivery by: 18th May - 21st May
Beta

Read InstantlyDon't wait for your order to ship. Buy the print book and start reading the online version instantly.

Also Available On

शिवम अन्तापुरिया

कवि शिवम अन्तापुरिया जिनकी रचनाएँ अब तक 
देश-विदेश के अखबारों और पत्रिकाओं निरंतर कविताएँ प्रकाशित हुआ करती हैं नवांकुर कवि सम्मान, नई कलम सम्मान, साहित्य अटल सम्मान, साहित्य गौरव सम्मान, साहित्य सारथी सम्मान, साहित्य साधक सम्मान, महाकवि दादा श्री प्रकाश पटेरिया स्मृति चिन्ह से सम्मानित युवा साहित्य संगठन द्वारा भी सम्मानित किए जा चुके हैं। आस्ट्रेलिया, कनाडा से भी सर्टिफ़िकेट साहित्यिक योगदान के लिए दर्ज़नों सर्टिफ़िकेट मिल चुके हैं।

Read More...